लेख और संवाद – 2016

अद्वैत स्थल में हुए बोध सत्रों से :

क्रमांक शीर्षक स्थल दिनांक
1 Acharya Prashant on Kabir: न कैद की कसक, न मुक्ति की ठसक (Neither bondage nor liberation) अद्वैत बोध स्थल Feb 16
2 Acharya Prashant: जिस दवा से मर्ज़ दूर हो रहा हो, उसे नमन करो और लेते रहो (Salute the medicine) अद्वैत बोध स्थल Jan 16
3 Acharya Prashant: हारोगे तुम बार-बार, बस कोई हार आखिरी न हो (May no defeat be final) अद्वैत बोध स्थल Jan 16
4 Acharya Prashant: न दृष्टा न सृष्टा न स्वास्थ्य न व्याधि, समाधि की इच्छा का लोप ही है समाधि अद्वैत बोध स्थल Mar 16
5 Acharya Prashant: जो बढ़े – घटे, आकर्षित करे, वो प्रेम नहीं (Love is not an ordinary attraction) अद्वैत बोध स्थल Mar 16
6 Acharya Prashant on Kabir: जो वचन आपसे न आए, वही मीठा है (What is right speech?) अद्वैत बोध स्थल Mar 16
7 Acharya Prashant: जो बुद्ध नहीं, वो प्रयासशील रहेगा ही (The myth of effort) अद्वैत बोध स्थल Feb 16
8 Acharya Prashant: तुम्हारी परम मुक्ति में यह भी शामिल है कि तुम अमुक्त रहे आओ (Free to act unfree) अद्वैत बोध स्थल Jan 16
9 Acharya Prashant: बाहरी चुनौतियों से लड़ो और आंतरिक चुनौतियों को भूल जाओ (Fight only externally) अद्वैत बोध स्थल Jan 16
10 Acharya Prashant: आपकी सत्य से जो दूरी है उसे समय कहते हैं(Distance between you and Truth is time) अद्वैत बोध स्थल Jan 16
11 Acharya Prashant:जो नहीं समझे वो चूके,जो समझे वो और भी चूके(Beware the one who says he understands) अद्वैत बोध स्थल Jan 16
12 Acharya Prashant: कोहम् का वास्तविक अर्थ है ‘तुम कौन?’ (‘Who am I?’ asks ‘Who are you?’) अद्वैत बोध स्थल Jan 16
13 Shri Prashant on Krishna and Ashatvakra: सारे धर्मों के त्याग के बाद क्या? HD अद्वैत बोध स्थल Mar 16
14 Shri Prashant: बंधन चाहने से बंधन मिलता है और मुक्ति चाहने से भी बंधन ही मिलता है (Desire & bondage) अद्वैत बोध स्थल Apr 16
15 Shri Prashant: सवाल अच्छे हैं पर सवालों से मुक्ति और भी अच्छी (Questions and freedom from questions) अद्वैत बोध स्थल Apr 16
16 Shri Prashant: प्रेम में तोहफ़े नहीं दिए जाते, स्वंम को दिया जाता (Offer not gifts,offer yourself) अद्वैत बोध स्थल Apr 16
17 आचार्य प्रशांत: आत्मा कहाँ है? (Where is Aatma located?) अद्वैत बोध स्थल Oct 16
18 आचार्य प्रशांत: मैं आपसे ही खुल कर बात क्यों कर पाता हूँ ? अद्वैत बोध स्थल Nov 16
19 आचार्य प्रशांत: वृत्तियों का बहाव अद्वैत बोध स्थल Aug 16
20 आचार्य प्रशांत: संसार के बीचोंबीच संसार से मुक्त अद्वैत बोध स्थल Sep 16
21 आचार्य प्रशांत: रिश्ते में अगर आज़ादी नहीं तो रिश्ता झूठा है अद्वैत बोध स्थल Aug 16
22 आचार्य प्रशांत: क्या एक साथ रहने से प्यार बढ़ेगा? अद्वैत बोध स्थल Oct 16

विभिन्न अन्य लेख और संवाद :

क्रमांक शीर्षक स्थल दिनांक
1 हृदय का अर्थ क्या है ? (What is meant by the Heart?) रमन केंद्र Jan 16
2 होती घटना तत्काल पकड़ क्यों नहीं पाता? (Catching the event realtime) रमन केंद्र Jan 16
3 कैसे जानूँ क्या सही है क्या गलत? (How to know right and wrong?) रमन केंद्र Jan 16
4 किसीको ‘प्रबुद्ध मर्मदर्शी’ क्यों कहते हैं?(Why call someone a ‘realised mystic’?) रमन केंद्र Jan 16
5 Acharya Prashant: ‘अप्प दीपो भव’ के विकृत अर्थ (Distorted interpretations of ‘Appa Deepo Bhav’) रमन केंद्र Jan 16
6 Acharya Prashant: वास्तविक सवाल मान्यताओं से नहीं, मान्यताओं पर उठता है (Real enquiry) रमन केंद्र Mar 16
7 Acharya Prashant on Shiv Sutra: योग है अपनी बेड़ियों को अपनी ही ज्वाला में गलाना (Yoga) रमन केंद्र Mar 16
8 Acharya Prashant: जब असली शिकायतें दबा देतें हैं, तब असली ही शिकायत बन जाता है (Our complaints) रमन केंद्र Mar 16
9 Acharya Prashant: सोच को सच मत मान लेना, सच को आज तक किसी ने सोचा नहीं (Thoughts not the Truth) रमन केंद्र Jan 16
10 Acharya Prashant on Upanishads: न जानने में बड़ा जानना है (The splendor of not knowing) रमन केंद्र Jan 16
11 Acharya Prashant: ओम् है शब्द का मौन में विलीन हो जाना (Om is the dissolution of word in Silence) रमन केंद्र Jan 16
12 Acharya Prashant: जो तुम्हें अशांत करे, सो गलत (Wrong is that which unsettles you) रमन केंद्र Mar 16
13 Acharya Prashant: किसको गुरु मानें? (Whom to take as a Guru?) रमन केंद्र Mar 16
14 Acharya Prashant: When you are helping without reason, it is compassion ऋषिकेश Mar 16
15 Acharya Prashant: जो मध्य में चलते हैं वो दोनों तरफ से पिटते हैं (The one in middle is doubly hit) रमन केंद्र Jan 16
16 Acharya Prashant: सफलता की दौड़ में ही असफलता का भाव निहित है (Yearning for success, feeling failure) रमन केंद्र Jan 16
17 Acharya Prashant: आत्मज्ञान जीवंत प्रक्रिया है, बौद्धिक नहीं(Knowing self is real, not intellectual) रमन केंद्र Jan 16
18 Acharya Prashant: मन, समय और स्थान एक हैं (Mind, time and space are one) रमन केंद्र Jan 16
19 Acharya Prashant on Kabir: हदों में चैन कहाँ पाओगे? (Where is peace in limits?) रमन केंद्र Jan 16
20 आचार्य प्रशांत: दशहरा, और रावण के दस सिर रमन केंद्र Oct 16
21 आचार्य प्रशांत: जब मन रौशन हुआ तब दिवाली जानो रमन केंद्र Oct 16
22 आचार्य प्रशांत, श्रीमद्भगवद्गीता पर: जो भरम उसे भरम, जो परम उसे परम रमन केंद्र Jan 16

बोध शिविरों से :

क्रमांक शीर्षक स्थल दिनांक
1 सच वो जो कभी छोड़ के न जाए, जो जा सकता उसकी बस चिंता सताए(Truth, Certainty, Time) शिवपुरी Jan 16
2 धीरज है सच की धारणा, दिखता न हो तब भी मानना (What is patience?) शिवपुरी Jan 16
3 नया डराता है नया ही बुलाता है, नया मृत्यु है नया ही जीवन है (The call of the New) शिवपुरी Jan 16
4 समय चक्रीय होता है या रेखीय? (Is time linear or cyclical?) शिवपुरी Jan 16
5 मौत को कौन जीतता है? (Who overcomes death?) शिवपुरी Jan 16
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